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Showing posts from March, 2022

भगवान विष्णु के 10 अवतार | Lord Vishnu 10 Incarnation in Hindi

 Bhagwan Vishnu ke 10 Avatar (dashavtar) list in Hindi | Lord Vishnu 10 Incarnation in Hindi जब जब इस धरती पर धर्म की हानि हुई है, भगवन विष्णु स्वयं इस धरा पर अवतरित हुए हैं| विष्णु पुराण में भगवान् विष्णु के विभिन्न रूपों में अवतारों का वर्णन  दिया गया है| वैसे तो भगवान् विष्णु के प्रमुख 10 अवतार (Vishnu ke 10 Avatar) ही बताये गए हैं, लेकिन इस प्रकृति के शुरुआत से लेकर अब तक 24 अवतारों के बारे में बताया हुआ है| लेकिन हम यहाँ भगवान् विष्णु के प्रमुख 10 अवतार की ही बात करेंगे| भगवान् श्री कृष्ण ने जब युद्ध स्थल पर अर्जुन को गीता का ज्ञान दिया| उस समय भी भगवान् ने बोला की जब जब इस संसार में धर्म की हानि और अधर्म का बोलबाला होगा, तब तब इस संसार में, मैं अवतरित होऊंगा| यदा यदा ही धर्मस्य ग्लानिर्भवति भारत। अभ्युथानम् अधर्मस्य तदात्मानं सृजाम्यहम्॥ परित्राणाय साधूनां विनाशाय च दुष्कृताम्। धर्मसंस्थापनार्थाय संभवामि युगे-युगे॥ भगवान् विष्णु के 10 अवतार 1. मत्स्य अवतार:- भगवान् विष्णु का प्रथम अवतार मत्स्य अवतार माना जाता है| एक पौराणिक कथा के अनुसार संसार को प्रलय से बचाने के लिए ही...

भारत एशिया के किस भाग में स्तिथ है | In which part of Asia India is situated in Hindi

 भारत एशिया के किस भाग में स्तिथ है | In which part of Asia India is situated in Hindi दोस्तो भारत एशिया महाद्वीप का क्षेत्रफल (area) के हिसाब से तीसरा सबसे बड़ा देश है| भारत (India) एशिया महाद्वीप में ही स्तिथ है| आइये जानते हैं एशिया की किस हिस्से और दिशा में हमारा भारत स्तिथ है एशिया के किस भाग में भारत स्तिथ है इंडिया, एशिया के दक्षिण हिस्से में स्तिथ भारतीय महाद्वीप में स्तिथ है| यहाँ एक बात साफ़ कर दें, भारतीय उप महाद्वीप में कई देश आते हैं और भारत उनमें से एक देश है| एशिया महाद्वीप का पूरा दक्षिणी हिस्सा भारतीय उपमहाद्वीप बोला जाता है| और भारत इसी भारतीय उपमहाद्वीप एक देश है| भारत का दक्षिणी छोर हिन्द महासागर से मिलता है| पश्चिम में अरब सागर है और पूरब में भारत की सीमाएं बंगाल की खाड़ी को छूती है| आशा करते हैं हमारे द्वारा दी गई जानकारी से आपका ज्ञानवर्धन अवश्य हुआ होगा| अगर आपको जानकारी पसंद आई हो तो इसे अपने सोशल मीडिया पर अवश्य साझा करें|

सत्य पर संस्कृत श्लोक हिंदी अर्थ सहित | Sanskrit Shlokas on Truth with Hindi meaning

 सत्य पर संस्कृत श्लोक हिंदी अर्थ सहित | Sanskrit Shlokas on Truth with Hindi meaning सत्य पर संस्कृत श्लोक हिंदी अर्थ सहित | नासत्यवादिनः सख्यं न पुण्यं न यशो भुवि। दृश्यते नापि कल्याणं कालकूटमिवाश्नतः।। हिंदी अर्थ:- कलाकूट पीने वाले की तरह असत्य बोलने वाले को इस संसार में कोई यश, पुण्य, यश या कल्याण नहीं मिलता। सत्येन रक्ष्यते धर्मो विद्याऽभ्यासेन रक्ष्यते । मृज्यया रक्ष्यते रुपं कुलं वृत्तेन रक्ष्यते ॥ हिंदी अर्थ:- धर्म का रक्षण सत्य से, विद्या का अभ्यास से, रुप का सफाई से, और कुल का रक्षण आचरण करने से होता है । ये वदन्तीह सत्यानि प्राणत्यागेऽप्युपस्थिते । प्रमाणभूता भूतानां दुर्गाण्यतितरन्ति ते ॥ हिंदी अर्थ:- प्राणत्याग की परिस्थिति में भी जो सत्य बोलता है, वह प्राणियों में प्रमाणभूत है । वह संकट पार कर जाता है । सत्येन धार्यते पृथ्वी सत्येन तपते रविः । सत्येन वायवो वान्ति सर्वं सत्ये प्रतिष्ठितम् ॥ हिंदी अर्थ:- सत्य से पृथ्वी का धारण होता है, सत्य से सूर्य तपता है, सत्य से पवन चलता है । सब सत्य पर आधारित है । सत्यमेव व्रतं यस्य दया दीनेषु सर्वदा। कामक्रोधौ वशे यस्य स साधुः – क...

Bhakti Movement in Hindi | भक्ति आन्दोलन का इतिहास और इसके कारण

Bhakti Movement complete information causes teachings in Hindi and famous saints | भक्ति आन्दोलन का इतिहास कारण विशेषताएँ और प्रमुख संतों के नाम  भक्ति आन्दोलन (Bhakti Movement) का भारत में प्रारंभ, मध्यकालीन भारत की एक महत्वपूर्ण घटना थी| इस आन्दोलन की शुरुआत कब हुई इसके बारे में इतिहासकारों में विभिन्न मत हैं| कई इतिहासकार इसकी शुरुआत 6ठी शताव्दी बताते हैं तो कई इतिहासकार कहते हैं की इस आन्दोलन की शुरुआत 8वी शताव्दी में हुई| आज हम चर्चा करेंगे भक्ति आन्दोलन के क्या कारण थे और इस आन्दोलन का धार्मिक आधार क्या था| इसके अलावा इस आन्दोलन को आगे बढ़ाने वाले संतों की भी विस्तार से चर्चा करेंगे| जैसा की हमने बताया की भक्ति आन्दोलन की शुरुआत करीब 6ठी शताव्दी से शुरू हो गई थी| अपनी प्रारंभिक अवस्था में यह आन्दोलन सिर्फ दक्षिण भारत के कुछ क्षेत्रों तक ही सीमित था| 15वी शताव्दी में यह आन्दोलन (Bhakti Andolan) उत्तर भारत में भी फेल गया और 15 से 17वीं शताव्दी तक यह आन्दोलन अपनी चरम सीमा पर पहुँच गया था| What were the Reasons of Bhakti Movement in Hindi क्या कारण थे भक्ति आन्दोलन के  यदि हम...

Chanakya Niti Chapter 8 Hindi English | चाणक्य नीति आठवां अध्याय अर्थ सहित

Chanakya Niti eighth chapter 8 shlokas meaning in Hindi English | चाणक्य नीति आठवां अध्याय हिंदी इंग्लिश अर्थ सहित Chanakya Niti Chapter 8 in Hindi English | चाणक्य निति आठवां अध्याय हिंदी इंग्लिश अर्थ सहित संस्कृत श्लोक - 1 अधमा धनमिच्छन्ति धनं मानं च मध्यमाः। उत्तमा मानमिच्छन्ति मानो हि महतां धनम्।।1।। दोहा - 1 अधम धनहिं को चाहते, मध्यम धन अरु मान । मानहि धन है बडन को, उत्तम चहै मान ।।1।। हिंदी अर्थ:- चाणक्य यहाँ मनुष्य के तीन प्रकार के बारे में बताते हुए कहते हैं, अधम प्रकार के मनुष्य सिर्फ धन की इच्छा रखते हैं, वे धन अर्जन के लिए किसी भी युक्ति का प्रयोग कर सकते हैं| माध्यम प्रकार के लोग धन और मान दोनों की इच्छा रखते हैं, ऐसे लोग धन तो चाहते हैं लेकिन समान के साथ| लेकिन उत्तम प्रकार के लोग सिर्फ मान और सम्मान की इच्छा रखते हैं इनके लिए धन का कोई मोल नहीं होता हैं| मान सम्मान ही इनका धन है| English Meaning:- Low class Human desire wealth; middle class, both wealth and respect, but the noble, desire honour only, for them honour is the noble man's true wealth. संस्कृत श्लोक - 2 इक...

इस मंदिर में प्रार्थना से होती है पुत्र प्राप्ति | Markandey Mahadev Mandir Varanasi

मार्कंडेय महादेव मंदिर का इतिहास धार्मिक महत्त्व की सम्पूर्ण जानकारी | Markandey Mahadev Temple History Importance Information in Hindi भारत में महादेव शिव को सभी मनोकामना पूरी करने बाले भगवान के रूप में जाना जाता है| मान्यता है, भगवान् शिव थोड़ी सी ही सेवा पूजा से प्रसन्न हो जाते हैं और मन मागी मुराद पूरी करते हैं| वैसे तो भोले नाथ के कई मंदिर भारत में स्तिथ हैं| लेकिन कुछ एक मंदिर की अपनी एक विशेष मान्यता है| ऐसा ही एक मंदिर है मार्कंडेय महादेव मंदिर (Markandey Mahadev Mandir) | आइये आज मार्कंडेय महादेव मंदिर के इतिहास और धार्मिक महत्त्व की सम्पूर्ण जानकारी आपको देंगे| बस बने रहिये हमारे साथ मार्कंडेय महादेव मंदिर कहाँ स्तिथ है | मार्कंडेय महादेव मंदिर की सम्पूर्ण जानकारी यह मंदिर उत्तर प्रदेश में स्तिथ है| मार्कंडेय महादेव मंदिर (Markandey Mahadev Mandir)वाराणसी से करीब 25 किलोमीटर दूर चौबेपुर के पास, कैथी नामक गाँव में स्तिथ है| यह गाँव वाराणसी गाजीपुर मार्ग के दाहिनी और को पड़ता है| कैथी गाँव वह स्थान है जहाँ गोमती और गंगा का संगम होता है| इसी संगम स्थान पर बना हुआ है भव्य मार्कंडेय...

All fruits Name in English and Hindi | फलों के नाम हिंदी और इंग्लिश में

 All fruits name in English and Hindi | Fruits name in Hindi from English words | फलों के नाम हिंदी और इंग्लिश में दोस्तो आज हम चर्चा करेंगे सभी फलों के नाम हिंदी और अंग्रेजी में तस्वीरों के साथ, बच्चों को इंग्लिश सिखाने में यह पहला कदम है, आशा करते हैं आपका हमारे इस प्रयास से अवश्य ज्ञानवर्धन होगा| All fruits Name in English and Hindi | फलों के नाम हिंदी और इंग्लिश में 1. English Name Apple (एप्पल) Hindi Name सेब (Seb) Scientific Name Malus domestica 2. khumani name in english English Name Apricot  (एप्रीकॉट) Hindi Name खूबानी (Khubani) Scientific Name Prunus armeniaca 3. anannas name in english 1 English Name Pineapple (पाइनएप्पल) Hindi Name अनन्नास (Ananas) Scientific Name Ananas comosus 4. aloo bukhara name in english English Name Plum (पल्म) Hindi Name बेर, आलूभुखारा (Alubukhara) Scientific Name Prunus domestica English meaning of आलूभुखारा is Damson but in most countries, people call it Plum. 5. kela name in english English Name Banana (बनाना) H...